गाओ मिलकर सारे 2
वीर प्रभु के चरण कमल में गुंजे गाण हमारे
गाओ गाओ गुण गाओ रे.......
भाव भक्ति से प्रेरित होकर, मनुआ गुण गुण गाये,
Library > प्रभु भक्ति
10 October, 2023
10 October, 2023
मैली चादर ओढ़ के कैसे, द्वार तुम्हारे आऊ
हे पावन परमेश्वर मेरे मन ही मन शरमाऊ
तु ने मुझको जग में भेजा, निर्मल देकर काया
आकर के संसार में मैंने इसको दाग लगाया
07 October, 2023
नही सुमिरन करे, नही ध्यान लगायें
प्रभू कैसे पार लगाये
रे भज मन विर प्रभू के, सुमिरन विर प्रभू के 2
शुद्ध मन से कभी न नीज को ध्यासा
07 October, 2023
पंछी उड जायेगा होते ही भोर
पल में कट जायेंगी सांसों की ये डोर
अवसर के रहते ही चाहे कुछ भी सीख
तुझको जग जाना है निंदयों को झकझोर
07 October, 2023
कदम कदम पर मोहे करम सताये
करम सताये हमें चैन न आय ...
इक तो प्रभुजी मोहे कर्म सतायें, लाख चोरासी भ्रमण कराये
भ्रमण कराये स्वामी बड़ा तड़फाये रे ...
07 October, 2023
मन को लगन अब यहाँ
जायेगा अब तू कहा
मन में बसाले, दिल में छुपाले
प्रभु की मूरत यहां
07 October, 2023
उठा जा ओ सोये मानव उठ जा
कौन है ठिकाना जीवन का
फल में यहां से चला जायेगा
हवा में क्यों उड़ जाय तिनका
07 October, 2023
यह चादर भई पुरानी, तू सोच समझ अभिमानी
टुकड़े-टुकड़े जोरि जुगत सो,
सींक अंग लपटानी।
कर डारी मैलो पापन सौ,
07 October, 2023
प्रभु से कोई कह दे, कि तेरे रहते-रहते
अंधेरा हो रहा, कि तुम हो वहां, तो मिलने को यहाँ
कि भक्त गा रहा-प्रभु से
फंसा हूं में कर्मों से,
07 October, 2023
महामंत्र हैं कैसा सुहाना
अब गीत इसी के गाना
मंत्र महासुखकारी है
शुद्ध मन से ध्यान लगाना

